- add-style
- font-medium
- lp-body-content
नई दिल्ली, 7 जनवरी, 2025 - विश्व बैंक के कार्यपालक निदेशक मंडल ने मेघालय राज्य में एक नई परियोजना को मंजूरी दी। परियोजना का उद्देश्य राज्य के करीब 500,000किशोरों को स्कूली शिक्षा से नौकरी पेशा होने तक के सफर के लिए बेहतर ढंग से तैयार करना है। इसमें स्कूल छोड़ने वालों की संख्या में कमी लाना, शिक्षा के परिणामों में सुधार लाना और नौकरी तथा व्यवसाय शुरू करने के लिए मार्गदर्शन प्रदान करना शामिल है।
मेघालय के किशोर, जिनकी राज्य की आबादी में 24 प्रतिशत से अधिक हिस्सेदारी है, शिक्षा और शारीरिक तथा मानसिक स्वास्थ्य में बाधाओं का सामना कर रहे हैं। उच्च प्राथमिक स्तर पर स्कूल छोड़ने वालों की संख्या 11प्रतिशत है, जो राष्ट्रीय औसत की तीन गुना है, और माध्यमिक स्तर पर 22प्रतिशत है, जो राष्ट्रीय औसत की लगभग दोगुना है। इसके अलावा, मादक द्रव्यों के सेवन, कम उम्र में विवाह और किशोरावस्था में गर्भधारण ने इन चुनौतियों को और बढ़ा दिया है।
3.5करोड़ डॉलर की लागत वाली मेघालय मल्टीसेक्टोरल प्रोजेक्ट फॉर एडोलसेंट वेलबीइंग, एम्पावरमेंट एंड रेसिलिएंस (एम पावर) छठी से बारहवीं कक्षा के किशोरों के लिए स्कूली शिक्षा के परिणामों को मजबूत करने में मदद करेगी, जिसमें छात्रों के पढ़ने और गणित कौशल में सुधार शामिल होगा। साथ में विद्यालय छोड़ने की दर में कमी लाने के लिए यह परियोजना छात्रों को जीवन कौशल, मानसिक स्वास्थ्य जागरूकता प्रदान करने के साथ कैरियर विकल्पों पर मार्गदर्शन प्रदान करेगी। जो छात्र विद्यालय छोड़ चुके हों, उन तक पहुंचने और उन्हें समान सहायता प्रदान करने पर विशेष ध्यान दिया जाएगा। मेघालय स्टेट स्किल्स डेवलपमेंट सोसाइटी के साथ साझेदारी में यह परियोजना उभरते उद्यमियों और विद्यालय न जाने वाले किशोरों को व्यावसायिक कौशल भी प्रदान करेगी।
मेंटरिंग प्रोग्राम, अभिनव वेब प्लेटफॉर्म और सामुदायिक क्लबों के माध्यम से, यह परियोजना माता-पिता और छात्रों के साथ मिलकर सीखने के लिए विविध मंच बनाने के लिए भी काम करेगी। युवाओं को यौन प्रजनन स्वास्थ्य के बारे में जानकारी दी जाएगी ताकि किशोर अवस्था में गर्भधारण को कम करने और स्कूल पूरा करने में मदद मिल सके।
भारत में विश्व बैंक के कंट्री डायरेक्टर ऑगस्ट तानो कुआमे ने कहा , " इस परियोजना के तहत अपनाया गया समग्र कल्याण दृष्टिकोण झारखंड जैसे राज्यों से मिली सीख को दर्शाता है, जहां इसी तरह की पहल किशोरों के सीखने के परिणामों को बढ़ा रही है।"
अंतरराष्ट्रीय अनुभव से पता चला है कि शिक्षा पूरी करने के बाद गुणवत्तापूर्ण नौकरियां मिलने की संभावना काफी बढ़ जाती है।
परियोजना के टास्क टीम लीडर प्रवेश कुमार और कनुप्रिया मिश्रा ने कहा , " परियोजना के डिजाइन को तंजानिया और बांग्लादेश में विश्व बैंक के संचालन से भी लाभ मिला है - जहां नौकरी के अवसरों, परामर्श और सुरक्षित सामुदायिक स्थानों के बारे में जानकारी के माध्यम से युवाओं की भागीदारी से स्कूल छोड़ने की दर में कमी लाने में मदद मिली है।"
वर्तमान में, विश्व बैंक के पोर्टफोलियो में 60 से अधिक परियोजनाएं हैं, जो महिलाओं और युवाओं के लिए नौकरियों तक पहुंच और रोजगार सृजन पर केंद्रित हैं, जिनकी कुल प्रतिबद्धता राशि 930करोड़ डॉलर है।
अंतरराष्ट्रीय पुनर्निर्माण एवं विकास बैंक (आईबीआरडी) से प्राप्त 3.5करोड़ डॉलर के परिवर्तनीय ऋण की अंतिम परिपक्वता अवधि 15 वर्ष है, जिसमें 5 वर्ष की छूट अवधि भी शामिल है।
तृष्णा थापा
शिल्पा बनर्जी
About The World Bank
The World Bank Group has a bold vision: to create a world free of poverty on a livable planet. In more than 100 countries, the World Bank Group provides financing, advice, and innovative solutions that improve lives by creating jobs, strengthening economic growth, and confronting the most urgent global challenges. For more information, please visit www.worldbank.org, www.miga.org, and www.ifc.org.
- add-style